
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सरकार दिल्ली की महिलाओं के स्टार्टअप को पंख लगाने जा रही है। सरकार महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत और आत्मनिर्भर बनाने के लिए 10 करोड़ रुपये तक का बिना गारंटी लोन देने जा रही हैं।
इस योजना के तहत अब दिल्ली में अपना छोटा कारोबार शुरू करने या अपने होम बिजनेस को बड़ा बनाने का सपना देख रही महिलाओं के लिए काफी मदद मिलेगी। साथ ही वह अपनी राह में आई आर्थिक रुकावटों को भी दूर कर पाएगी।
दिल्ली सरकार ने घोषणा की है कि महिला स्टार्टअप्स और स्वयं सहायता समूहों (SHG) को अब 10 करोड़ रुपये तक का बिना गारंटी लोन मिलेगा। खास बात यह है कि इस लोन की गारंटी खुद सरकार देगी।
क्यों खास है यह स्कीम?
आमतौर पर बैंक से बड़ा बिजनेस लोन लेने के लिए जमीन, प्रॉपर्टी या किसी मजबूत गारंटर की जरूरत पड़ती है। इसी वजह से कई महिलाएं अच्छा आइडिया होने के बावजूद अपना कारोबार शुरू नहीं कर पातीं। नई योजना में सरकार खुद गारंटर बनेगी, इससे महिलाओं की बैंकिंग सिस्टम में एंट्री आसान बनेगी और वह अपने बिजनेस को बिना किसी व्यक्ति की निर्भरता के बिना आगे ले जा पाएगी।
किन महिलाओं को मिलेगा फायदा?
इस योजना का फायदा उन महिलाओं को मिलेगा जो:-
सरकार का मानना है कि छोटे घरेलू उद्योग महिलाओं को सिर्फ आत्मनिर्भर नहीं बनाते, बल्कि रोजगार भी पैदा करते हैं।
सिर्फ लोन नहीं, सामान बेचने में भी मदद
दिल्ली सरकार महिलाओं को सिर्फ पैसा देकर नहीं छोड़ेगी। उनके बनाए प्रोडक्ट्स को बाजार तक पहुंचाने के लिए मॉल और बड़े शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में विशेष स्टॉल और प्लेटफॉर्म भी दिए जाएंगे। यानी अब घर में तैयार होने वाले हाथ से बने सामान को बड़ा बाजार मिलने की उम्मीद है।
Vocal For Local को मिलेगा नया सहारा
सरकार का कहना है कि यह पहल पीएम मोदी के ‘वोकल फॉर लोकल’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ अभियान को मजबूती प्रदान करेगी। दिल्ली सरकार का मानना है कि भारतीय हस्तशिल्प, खादी और घरेलू उत्पाद गुणवत्ता में किसी विदेशी ब्रांड से कम नहीं हैं। जरूरत सिर्फ बेहतर मार्केटिंग और आर्थिक सपोर्ट की है।
महिलाओं के लिए क्यों अहम है यह फैसला?
बिना गारंटी इतना बड़ा लोन मिलना महिला उद्यमिता के लिए गेमचेंजर साबित हो सकता है। इससे:
दिल्ली सरकार की यह योजना खासतौर पर उन महिलाओं के लिए बड़ी राहत मानी जा रही है, जो हुनर तो रखती हैं लेकिन पैसे की कमी की वजह से आगे नहीं बढ़ पातीं।






