
Liquid Funds: हम में से ज्यादातर लोग अपनी मेहनत की कमाई का एक हिस्सा ‘इमरजेंसी फंड’ (Emergency Fund) के तौर पर बैंक सेविंग्स अकाउंट में रखते हैं। यह सुरक्षित तो है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि यहां आपका पैसा बहुत कम रिटर्न कमा रहा है?
महंगाई की तुलना में सेविंग अकाउंट का ब्याज काफी कम होता है। ऐसे में ‘लिक्विड फंड’ (Liquid Funds) आपके लिए एक बेहतर और स्मार्ट ऑप्शन साबित हो सकते हैं।
क्या होता है लिक्विड फंड्स?
लिक्विड फंड्स म्यूचुअल फंड्स की एक ऐसी कैटेगरी है जो अपना पैसा सरकारी बॉन्ड्स, कमर्शियल पेपर और डिपॉजिट सर्टिफिकेट जैसी बहुत सुरक्षित और शॉर्ट टर्म जगहों पर निवेश करती है। चूंकि इसमें पैसा बहुत कम समय के लिए निवेश किया जाता है, इसलिए इसमें जोखिम न के बराबर होता है।
बैंक अकाउंट से क्यों है ये बेहतर?
आमतौर पर बचत खाते में आपको 2.5% से 3.5% तक का सालाना ब्याज मिलता है। वहीं, लिक्विड फंड्स ऐतिहासिक रूप से इससे बेहतर रिटर्न (लगभग 6% से 7% तक) देता है। यानी, पैसा सेविंग्स अकाउंट में रखने के बजाय लिक्विड फंड में रखकर आप बिना जोखिम बढ़ाये अपने इमरजेंसी फंड पर ज्यादा कमाई कर सकते हैं।
पैसों की जरूरत पड़ने पर क्या करें?
बहुत से लोग सोचते हैं कि म्यूचुअल फंड से पैसा निकालना मुश्किल है, लेकिन लिक्विड फंड के साथ ऐसा नहीं है। यह नाम के मुताबिक ही बेहद ‘लिक्विड’ हैं। इसका मतलब की आप जब चाहें अपना पैसा निकाल सकते हैं।
प्रोसेसिंग टाइम भी कम
कई लिक्विड फंड्स ‘इंस्टेंट रिडेम्पशन’ की सुविधा देते हैं, जहां पैसा कुछ ही मिनटों में आपके बैंक खाते में आ जाता है। सामान्य मामलों में भी यह पैसा 1 से 2 वर्किंग डे के अंदर मिल जाता है।
निवेश करने से पहले इन बातों का रखें ध्यान






