
Why market is rising today: चार सत्रों की लगातार गिरावट के बाद आज भारतीय शेयर बाजार में तेजी लौटी। दोपहर 1:35 बजे तक सेंसेक्स 0.54% या 426.34 अंक चढ़कर 79,542.53 अंक पर कारोबार कर रहा था तो वहीं निफ्टी 0.66% या 160.50 प्वाइंट चढ़कर 24,641 अंक पर कारोबार कर रहा था। इससे पहले बीते चार सत्रों में सेंसेक्स करीब 3,160 अंक टूट चुका था, जबकि निफ्टी पिछले तीन सत्रों में 1,016 अंक गिर गया था।
इन शेयरों में दिखी तेजी
सेंसेक्स पैक में BEL, रिलायंस इंडस्ट्रीज, NTPC, टाटा स्टील, लार्सन एंड टुब्रो (L&T) और अडानी पोर्ट्स जैसे शेयरों में मजबूत खरीदारी दिखी। शुरुआती कारोबार में ये शेयर करीब 3 प्रतिशत तक चढ़े।
वहीं दूसरी ओर Eternal, टेक महिंद्रा और TCS दबाव में रहे और इनमें करीब 2.39 प्रतिशत तक गिरावट दर्ज की गई।
यूएस-इजरायल द्वारा ईरान पर युद्ध के बीच क्यों लौटी भारतीय बाजारों में तेजी?
1. वॉल स्ट्रीट की मजबूती का असर: अमेरिकी बाजारों में आई रिकवरी का असर भी भारतीय बाजार पर देखने को मिला। बुधवार को वॉल स्ट्रीट के प्रमुख सूचकांकों में तेजी रही।
डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 238.14 अंक बढ़कर 48,739.41 पर बंद हुआ। वहीं S&P 500 में 0.78 प्रतिशत की तेजी आई और यह 6,869.50 पर बंद हुआ। टेक शेयरों वाला नैस्डैक कंपोजिट 1.29 प्रतिशत चढ़कर 22,807.48 पर पहुंच गया।
अमेरिका से आए कुछ सकारात्मक आर्थिक आंकड़ों ने बाजार को सहारा दिया। फरवरी में निजी क्षेत्र में उम्मीद से ज्यादा नौकरियां जुड़ीं और नॉन-मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में भी अनुमान से बेहतर वृद्धि दर्ज की गई।
2. तेल कीमतों में ठंडक: कच्चे तेल की कीमतों में तेजी थमने से भी बाजार को राहत मिली। अमेरिकी ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने कहा कि अमेरिका पर्शियन गल्फ से तेल की सप्लाई को बनाए रखने के लिए कई घोषणाएं करेगा।
इसके बाद ब्रेंट क्रूड और वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) की कीमतों में तेजी थमी। हालांकि इससे पहले तीन सत्रों में ब्रेंट क्रूड करीब 15 प्रतिशत उछल चुका था।
तकनीकी स्तरों पर क्या संकेत?
कोटक सिक्योरिटीज के हेड इक्विटी रिसर्च श्रीकांत चौहान के मुताबिक शॉर्ट टर्म आउटलुक कमजोर जरूर है, लेकिन बाजार ओवरसोल्ड स्थिति में है। ट्रेडर्स के लिए 24,300/78,500 का स्तर अहम सपोर्ट जोन रहेगा। अगर बाजार इसके ऊपर बना रहता है तो 24,600/79,500 अगला रेजिस्टेंस होगा।
उन्होंने कहा कि इस स्तर के ऊपर बाजार 24,800-25,000 या 80,000-80,500 तक जा सकता है। हालांकि 24,300/78,500 के नीचे गिरावट आने पर सेंटीमेंट फिर कमजोर हो सकता है।
वोलैटिलिटी में गिरावट
इंडिया VIX, जिसे बाजार का ‘फियर इंडेक्स’ कहा जाता है, मौजूदा सत्र में करीब 11 प्रतिशत गिरकर 18.89 पर आ गया। पिछले दो सत्रों में यह सूचकांक करीब 50 प्रतिशत उछल गया था। VIX में गिरावट से संकेत मिलता है कि निवेशकों की घबराहट कुछ कम हुई है और बाजार में रिकवरी की कोशिश जारी है।






